नयी चुनौतियाँ स्वीकारती बरिस्ता
मुलाकात करेंगे एक कोरियाई महिला से जो तोक्यो के एक होटल में स्थित कैफ़े की प्रमुख बरिस्ता हैं और एक्सप्रेस्सो कॉफ़ी समेत भिन्न भिन्न प्रकारों की कॉफ़ी तैयार करती हैं। "कर्मक्षेत्र जापान" कार्यक्रम से जानें जापान को कर्मभूमि बनाने वाले विदेशी कर्मियों का उनके कार्यस्थल तथा काम पर नज़रिया। (6 मई 2021 के अंक का पुनर्प्रसारण)
36 वर्षीया उ योंजु युवाओं के फ़ैशन के गढ़ शिबुया में वर्ष 2017 से एक होटल के कैफ़े में प्रमुख बरिस्ता के रूप में कार्यरत हैं।
कैफ़े को खोलने से पहले एक्सप्रेस्सो कॉफ़ी के ज़ायके को निर्धारित करना सबसे ज़रूरी काम है। तापमान और नमी के अनुसार कॉफ़ी के दानों का ज़ायका फ़र्क हो सकता है। इसलिए कॉफ़ी बनाने की विधि में फेरबदल करना बहुत आवश्यक है।
दूध का जग पकड़ा हुआ हाथ मामूली सी हरकतें करता है और कॉफ़ी की भूरी सतह पर दूध से सफ़ेद पत्ते के आकार में खूबसूरत डिज़ाइन बन जाती है। इसे लाते-कला कहते हैं।
होटल में खाद्य और पेय पदार्थ सेवाओं की योजना निदेशक कोमिनामि आया। आया के उत्साह को देखकर योंजु ने कैफ़े खोलने के काम में हाथ बँटाने का निश्चय किया।