प्रशोधित जल के निस्तारण मुद्दे पर फ़ुकुशिमा को सुगा का समर्थन

प्रधानमंत्री सुगा योशिहिदे का कहना है कि सरकार फ़ुकुशिमा दाइइचि परमाणु बिजली घर के प्रशोधित जल के महासागर में निस्तारण के अपने निर्णय का दुष्प्रभाव प्रिफ़ैक्चर की प्रतिष्ठा पर पड़ने से रोकने हेतु हरसंभव प्रयास करेगी।

फ़ुकुशिमा के गवर्नर उचिबोरि मासाओ ने बृहस्पतिवार को तोक्यो में प्रधानमंत्री कार्यालय में सुगा से मुलाकात की।

बिजली घर में एकत्र हो रहे प्रशोधित जल का निस्तारण समुद्र में करने का निर्णय केंद्र सरकार ने गत सप्ताह लिया था, जिसके चलते मासाओ ने सुगा से मुलाकात की। अपशिष्ट जल का प्रशोधन कर अधिकांश रेडियोधर्मी पदार्थों को हटाया जा चुका है, परंतु उसमें रेडियोधर्मी ट्रिटियम अब भी मौजूद है। प्रशोधित जल के महासागर में निस्तारण से पहले उसमें शुद्ध जल मिलाया जाएगा ताकि ट्रिटियम की सांद्रता स्वीकृत राष्ट्रीय मानक स्तर से कहीं कम हो जाए। यह स्तर, पेय जल के लिए विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा निर्दिष्ट स्तर के सातवें हिस्से तक कम किया जाएगा।

उचिबोरि ने कहा कि फ़ुकुशिमा के लोग मार्च 2011 के परमाणु हादसे के बाद से दस सालों से प्रिफ़ैक्चर के पुनर्निर्माण और प्रतिष्ठा में सुधार करने हेतु प्रयासरत हैं।

उन्होंने कहा कि उन्हें भय है कि बिजली घर से प्रशोधित जल के निस्तारण से उनकी कड़ी मेहनत व्यर्थ जाएगी।

उचिबोरि ने सरकार से आग्रह किया कि वह अपना निर्णय सभी संबंधित पक्षों को सावधानीपूर्वक समझाये और देश-विदेश में लोगों को सटीक जानकारी प्रदान करे। उन्होंने प्रिफ़ैक्चर की प्रतिष्ठा में हानि को रोकने और स्थानीय उद्योगों के समर्थन के लिए सरकार से क़दम उठाने का भी आह्वान किया।