सर्वेक्षण - लघु और मध्यम आकार के 35% व्यवसाय ऋणग्रस्त

एक नये सर्वेक्षण से ज्ञात हुआ है कि कोरोनावायरस वैश्विक महामारी के दीर्घकालिक दुष्प्रभावों के कारण बढ़ती संख्या में जापान के छोटे कारोबारी ऋण के बोझ तले दबते जा रहे हैं।

तोक्यो शोको रिसर्च नामक एक साख अनुसंधान कंपनी द्वारा इस महीने की शुरुआत में किये गए इस सर्वेक्षण में लगभग 8,400 कंपनियों ने भाग लिया।

लघु और मध्यम आकार के 35 प्रतिशत व्यवसायों ने कहा कि उन्होंने बहुत अधिक ऋण ले रखा है। इनमें से दो तिहाई ने कहा कि महामारी शुरू होने के बाद यह बोझ बढ़ता चला गया।

रेस्त्राँ संचालकों और खाद्य तथा पेय खुदरा विक्रेताओं पर ऋण का बोझ सर्वाधिक है।

अनुसंधान कंपनी ने बताया कि महामारी से प्रभावित अपने कारोबार को सहारा देने हेतु बढ़ती संख्या में कंपनियाँ तरजीही ऋण योजनाओं पर निर्भर हो रही हैं, परंतु बिक्री में गिरावट के चलते ऋण भुगतान मुश्किल हो रहा है।