नये सैन्य प्रमुख से उक्रेन को उम्मीदें

उक्रेन में सेना के नये कमांडर-इन-चीफ़ ने पद संभालने के बाद पहली सार्वजनिक टिप्पणी की है। जनरल ओलेक्सांद्र सिर्स्की ने शुक्रवार को सोशल मीडिया पर एक संदेश में कहा कि “केवल बदलावों व निरंतर सुधार” से ही उक्रेन रणभूमि में “सफलता हासिल” कर सकता है।

सिर्स्की इससे पहले थल सेना प्रमुख थे। उन्होंने कहा कि नयी प्रौद्योगिकी और आधुनिक रणनीतियाँ अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने सहयोगी देशों से हथियारों की जल्द आपूर्ति और वितरण की आवश्यकता पर ज़ोर दिया।

सिर्स्की एक ऐसे समय देश की सेना की कमान संभाल रहे हैं जब सेना हथियारों और सैनिकों की कमी से जूझ रही है। उनकी सेना रूस को पूर्व में समूचे दोनेत्स्क क्षेत्र पर कब्ज़ा करने से रोकने की कोशिश कर रही है।

राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की हज़ारों नये सैनिकों की लामबंदी का आह्वान करने से झिझक रहे हैं, क्योंकि पश्चिमी देशों से सहायता आपूर्ति रुकी हुई है।

कुछ उक्रेनी लोगों का कहना है कि भले ही जे़लेंस्की ने सिर्स्की को देश के "सबसे अनुभवी कमांडर" की संज्ञा दी हो, फिर भी वे युद्ध में इतने अहम मोड़ पर सेना में फेरबदल के निर्णय को लेकर चितिंत हैं।

रूस के नेताओं का कहना है कि इस बदलाव से उनकी "विशेष सैन्य कार्रवाई" पर कोई असर नहीं पड़ेगा।