आईएमएफ़ ने बढ़ाया वैश्विक आर्थिक विकास का अनुमान

अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष यानि आईएमएफ़ ने अमरीकी अर्थव्यवस्था में मज़बूती और अन्य कारकों का हवाला देते हुए, 2024 के लिए वैश्विक विकास अनुमान में बढ़ोतरी की है।

हालाँकि, उसने लाल सागर में जहाज़ों पर हालिया हमलों सहित भू-राजनैतिक झटकों के कारण आर्थिक विकास के समक्ष जोखिमों के प्रति भी आगाह किया। उसने चीन के भूसंपत्ति संकट को भी चिंता का विषय करार दिया है।

आईएमएफ़ की नवीनतम वैश्विक आर्थिक अनुमान रिपोर्ट मंगलवार को जारी हुई जिसमें इस वर्ष वैश्विक अर्थव्यवस्था में 3.1 प्रतिशत की बढ़त की उम्मीद जतायी गई है। यह अक्तूबर में उसके पिछले अनुमान से 0.2 प्रतिशत अंक अधिक है।

आईएमएफ़ ने कहा कि उच्च ब्याज दरों के बावजूद, आँकड़ों में संशोधन अमरीकी अर्थव्यवस्था में मज़बूती को दर्शाता है। उसने चीन में घरेलू माँग बढ़ाने हेतु वित्तीय सहायता और विकासशील अर्थव्यवस्थाओं में मज़बूती का भी ज़िक्र किया।

रिपोर्ट में कहा गया है कि वैश्विक अर्थव्यवस्था अब कोविड-19 महामारी, उक्रेन पर रूसी आक्रमण और जीवन-यापन लागत के संकट से उबर रही है। मुद्रास्फीति में सन् 2022 के सर्वोच्च स्तर से अपेक्षाकृत अधिक तेज़ी से कमी आ रही है।

आईएमएफ़ का कहना है कि अब वैश्विक अर्थव्यवस्था में सुधार या मंदी से बचते हुए मुद्रास्फीति पर काबू पाने की संभावना अधिक है।

जोखिम के मुद्दे पर आईएमएफ़ का कहना है कि लाल सागर में जहाज़ों पर हमलों से आपूर्ति में बाधा आने और जिंस कीमतों के बढ़ने की आशंका है। इससे कड़ी मौद्रिक नीतियाँ लंबे समय तक जारी रह सकती हैं।